बालों को काला balon ko kala karne ka nuskha in hindi

बालों का आयुर्वेदिक तेल | Ayurvedic Hair Oil

आज हम आपको सफ़ेद बालों को काला, लंबे, घने, मजबूत और सिल्की करने के आयुर्वेदिक तेल के बारे में बताएँगे। कई ऐसे घरेलू उपाय हैं, जो सफेद होते बालों की समस्‍या को दूर कर सकते हैं। जैसा कि आप जानते हैं, बालों का सफेद होना जेनेटिक होता है। और उम्र के साथ हमारे बाल पकने लगते हैं। लेकिन आजकल यह समस्या कम उम्र में ही होने लग जाती है, जिसके कारण होते हैं, बालों की सही देखभाल नहीं करना, प्रदूषण और शरीर में पोषक तत्वों की कमी। यदि आपकी चाहत है कि आपके बाल काले, लंबे, घने, मजबूत, डेंड्रफ दूर और सिल्की हो जाएं तो इस के लिए आंवला, नारियल और ये चीजें मिलाकर इस आयुर्वेदिक तेल का इस्तेमाल करें।

आजकल काले घने बाल हर किसी को पसंद आते है फिर चाहे वो लड़का हो या लड़की हो हर किसी की इच्छा होती है की उसके बाल भी काले और घने हो क्योंकि अगर बाल काले और मजबूत होते है तो सुन्दरता ओर ज़्यादा बढ़ जाती है लेकिन कई बार पोषक तत्वों को कमी के कारण बाल कमजोर और सफेद हो जाते है। बाल कमजोर और सफेद होने की वजह से सुन्दरता कम हो जाती है। पोषक तत्वों की कमी से शरीर का हार्मोनिक संतुलन बिगड़ जाता है। जिसके कारण बालों का झड़ना आम हो गया है। है। जो हर एक दूसरे व्यक्ति में पाई जाती है।

पोषक तत्वो की कमी संतुलित आहार न खाने की वजह से होता है। अगर आप भी इस समस्या से परेशान है तो आपके लिए योगा काफी फायदेमंद हो सकता है। बाल झड़ने का मुख्य कारण हार्मोंस के असंतुलन होने के कारण होता है। जिसके कारण बाल अधिक मात्रा में गिरने लगते है। अगर आपकी चाहत है कि आपके बाल लंबे घने और सिल्की हो जाएं तो इस ऑयल का इस्तेमाल करें।

आवश्यक सामग्री

300 ग्राम आंवला
30 करी अर्थात मीठे नीम की पत्तियां
50 भृंगराज की पत्तीयां
50 ग्राम चम्मच मेथी का पाउडर
30 ब्रह्मी की पत्तियां
250 ml नारियल तेल
50 ग्राम जटामांसी की जड़े

बनाने की विधि

आपको सबसे पहले आंवला को लेकर काट लें और इसके बीज निकालकर थोड़ा पानी डालकर ग्राइंड कर लें। अब इसे कपड़े की मदद से जूस निकाल लें। पानी में जटामांसी जड़े भिगो दें। वहीं करी पत्ता, भ्रींगराज और भरमी की पत्तियों में थोड़ा सा पानी डालकर गाढ़ा पेस्ट बना लें।

इसके बाद अब एक कटोरी में नारियल तेल लें। इसके बाद इसमें सभी चीजें डालकर अच्छी तरह से मिक्स कर लें। फिर इसे कम से कम 24 घंटे के लिए ऐसे ही छोड़ दें। 24 घंटे बाद इस ऑयल को धीमी आंच में कम से कम 15 मिनट पकने दें। इसे बाद गैस बंद कर दें और इसे ठंडा होने दें। अब इसे छान लें और आपका आयुर्वेदिक तेल बनकर तैयार है।

उपयोग करने का तरीका

इस तेल को आप सप्ताह में 3 बार रात को सोने से पहले इसे स्कैल्प पर अच्छी तरह से लगाकर 10 मिनट धीरे हाथों से मसाज करें। दूसरे दिन शैंपू करके साफ पानी से धो लें। आप चाहें तो नहाने के आधा घंटे पहले भी इसे लगा सकते है।

इस वेबसाइट में जो भी जानकारिया दी जा रही हैं, वो हमारे घरों में सदियों से अपनाये जाने वाले घरेलू नुस्खे हैं जो हमारी दादी नानी या बड़े बुज़ुर्ग अक्सर ही इस्तेमाल किया करते थे, आज कल हम भाग दौड़ भरी ज़िंदगी में इन सब को भूल गए हैं और छोटी मोटी बीमारी के लिए बिना डॉक्टर की सलाह से तुरंत गोली खा कर अपने शरीर को खराब कर देते हैं। तो ये वेबसाइट बस उसी भूले बिसरे ज्ञान को आगे बढ़ाने के लक्षय से बनाई गयी है। आप कोई भी उपचार करने से पहले अपने डॉक्टर से या वैद से परामर्श ज़रूर कर ले। यहाँ पर हम दवाएं नहीं बता रहे, हम सिर्फ घरेलु नुस्खे बता रहे हैं। कई बार एक ही घरेलु नुस्खा दो व्यक्तियों के लिए अलग अलग परिणाम देता हैं। इसलिए अपनी प्रकृति को जानते हुए उसके बाद ही कोई प्रयोग करे। इसके लिए आप अपने वैद से या डॉक्टर से संपर्क ज़रूर करे।
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